... ओर ऐसा सबक : पार्टी से जुड़े पदाधिकारी को उच्च आसन, धर्म से जुड़े 15वें अध्याय का पाठ करने वाले का चरणों में आसन
⚫ ऐसे मनाया जिला स्तरीय श्रीमद् भगवत गीता जयंती महोत्सव
⚫ प्रदर्शनी के चित्रों को समझने और पढ़ने जहमत भी नहीं उठाई अतिथियों ने
⚫ कुछ ही देर में प्रदर्शनी खत्म
हरमुद्दा
रतलाम, 1 दिसंबर। गीता जयंती पर अंतरराष्ट्रीय श्रीमद् भगवत गीता महोत्सव का आयोजन शहर के उत्कृष्ट विद्यालय सभागार में किया गया। आयोजन का मुख्य उद्देश्य श्रीमद् भगवत गीता के 15 वें अध्याय "पुरुषोत्तम योग" का पाठ करना था। आयोजन के संयोजक सभी को ऐसा सबक सीखा गए कि जो पार्टी से जुड़े हैं, उन्हें उच्च आसन मिलेगा और जो धर्म से जुड़े हैं उन्हें पार्टी पदाधिकारी के चरणों में स्थान दिया जाएगा। यह सोच, समझ से परे है। यदि ऐसा नहीं था तो उच्च आसन पर विराजित लोग मंच के नीचे लगे सौफों पर भी बैठ सकते थे।
तय समय से करीब 45 मिनट विलंब से कार्यक्रम 9:45 बजे शुरू हुआ। अतिथियों ने चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। डूडा के एपीओ अरुण पाठक ने अतिथियों का स्वागत किया।
यह सभी थे कुर्सी पर विराजित

मंच पर लगी कुर्सियों पर रतलाम झाबुआ संसदीय क्षेत्र की सांसद अनीता नागर सिंह चौहान, जन अभियान परिषद के उपाध्यक्ष मोहन नागर, महापौर प्रहलाद पटेल, भाजपा जिला अध्यक्ष प्रदीप उपाध्याय, क्षेत्रीय पार्षद अनिता कटारा, कलेक्टर मिशा सिंह सहित अन्य कुर्सी पर आसीन थे।
"पुरुषोत्तम योग" का किया पाठ

श्रीमद् भागवत गीता के 15 अध्याय का पाठ करते हुए अंतरराष्ट्रीय कृष्ण भावनामृत संघ के भक्त
अतिथियों के चरणों में मंच पर बिछाई गई गादी पर इस्कॉन (अंतरराष्ट्रीय कृष्ण भावनामृत संघ) के राजमणि दास प्रभु, राधा वृंदावन चंद्र दास, अमलज गुप्ता, आशीष भावसार, अनुभव परमार, बसंत बिंदल, अर्चना पांचाल सहित अन्य पालकी लगाकर बैठे हुए थे। हाथों में उनके श्रीमद् भगवत गीता जी की थी। 9:50 पर श्रीमद् भागवत गीता के 15 वें अध्याय "पुरुषोत्तम योग" का संस्कृत में पाठ शुरू हुआ।

पंडाल में बैठे हुए अधिकांश लोगों के हाथ में 15वें अध्याय के श्लोक की सुसज्जित बुकलेट थी। सभी ने पाठ किया। सैकड़ों साक्षी रहे।

15 अध्याय का पाठ करते हुए उपस्थित जन
यह संयोजन तो ठीक नहीं
कई लोग चर्चा करते हुए नजर आए कि यह तो संयोजन ठीक नहीं है। धर्म का उपदेश देने वाले नीचे बैठे। मंच कुर्सी पर बैठने वाले नीचे लगे हुए सोफे पर भी बैठ सकते थे। मगर उनका चिंतन ऐसा नहीं रहा।
दीप प्रज्वलन से शुभारंभ

दीप प्रज्वलितकर शुभारंभ करते हुए जन अभियान परिषद के श्री नागर। समीप है कलेक्टर सिंह सहित अन्य
कार्यक्रम का शुभांरभ अतिथियों द्वारा दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। दसवीं कक्षा के छात्र ओजस्व पाठक ने श्रीमद् भगवत गीता का श्लोक सुनाया। कार्यक्रम में श्री उपाध्याय, श्री पटेल, श्री नागर, श्रीमती चौहान, ने विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम का संचालन डॉक्टर रविंद्र उपाध्याय ने किया।
माधव दर्शनम के 60 से अधिक चित्र और 3 मिनट

प्रदर्शनी का शुभारंभ करते हुए अतिथि
अतिथियों ने 10 बजकर 33 मिनट पर माधव दर्शनम लघु चित्रशैली प्रदर्शनी का फीता काटकर का शुभारंभ किया। वीर भारत न्यास संस्कृति विभाग मध्य प्रदेश के सौजन्य से लगाई गई प्रदर्शनी के 60 से अधिक फोटो को सरसरी निगाह से देखते हुए 10 बजकर 36 निकल गए। चित्रों में क्या समझाया था? क्या लिखा था? अतिथियों से पूछ लिया जाए तो मुंह में दही जम जाएगा। कुछ घंटे बाद ही सभी चित्र निकल गए और बक्से में जमा हो गए। प्रदर्शनी स्थल पर केवल बैनर ही बचा था। चित्र नहीं। ऐसा लगता है केवल अतिथियों के लिए ही प्रदर्शनी लगाई गई थी।

प्रदर्शनी का अवलोकन करते हुए अतिथि

प्रदर्शनी में लगे चित्र

प्रदर्शनी देखकर बाहर आते हुए अतिथि

कुछ समय बाद की स्थिति प्रदर्शनी स्थल की
यह थे मौजूद
कार्यक्रम में पर्यावरण विद खुशालसिंह पुरोहित, गोविंद काकानी, शिव प्रसाद मालवीय, गोपाल काकानी, प्राचार्य सुभाष कुमावत, स्वास्थ्य विभाग के आशीष चौरसिया, प्रसाद जिला प्रशासन से डिप्टी कलेक्टर, एसडीम, नगर निगम आयुक्त सहित अन्य विभागों के प्रमुख मौजूद थे।

Hemant Bhatt