संत महात्माओं से सम्मानजनक व्यवहार पर आचार संहिता एवं मार्गदर्शिका’ पुस्तक का विमोचन

संत महात्माओं से सम्मानजनक व्यवहार पर आचार संहिता एवं मार्गदर्शिका’ पुस्तक का विमोचन

हरमुद्दा
रतलाम, 19 जून। कल आयोजित पट्टाभिषेक कार्यक्रम में संत-महात्माओं की गरिमामयी उपस्थिति में  ‘संत आचार संहिता एवं मार्गदर्शिका’ पुस्तक का विमोचन संपन्न हुआ।

श्री सनातन धर्म सभा एवं महारूद्र यज्ञ समिति की ओर से रचित इस पुस्तक का विमोचन करते हुए अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष श्री 1008 महंत श्री रवींद्र पुरी जी महाराज ने कहा कि इसमें किसी भी धार्मिक आयोजन में आमंत्रित साधु-संतों के प्रति अपेक्षित सम्मान, व्यवहार एवं व्यवस्थाओं का विस्तृत एवं व्यावहारिक वर्णन किया गया है। यह आज की वर्तमान पीढ़ी को जानने के लिए आवश्यक है।

भाव प्रकट करने में महत्वपूर्ण पुस्तक

पुस्तक के संपादक महर्षि शिवशंकर दवे ने पुस्तिका के प्रकाशन के उद्देश्य व आवश्यकता बताते हुए कहा कि यह पुस्तिका सनातन समाज मे संतो के प्रति आदर का भाव प्रकट करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

यह थे मौजूद

पुस्तिका का विमोचन सचिव महंत श्री राम रतन जी सराहनीय महाराज, 1008 निरंजनी अखाड़ा महामंडलेश्वर श्री वैराग्यानंद जी (मिर्ची बाबा) महाराज, बड़ा रामद्वारा, जोधपुर के रामस्नेही श्री हरीराम शास्त्री जी महाराज, दंडी स्वामीमठ के श्री आत्मानंद जी सरस्वती, अखंड आश्रम के मंडलेश्वर श्री देवस्वरूपानंद जी के द्वारा अन्य अनेक संतों एवं साध्वीजन की उपस्थिति में किया गया।कार्यक्रम में बड़ी संख्या में धर्मप्रेमीजन, समाजजन एवं श्रद्धालु उपस्थित थे।